भारतवंशी अनीता आनंद बनीं कनाडा की नई विदेश मंत्री, भारत-कनाडा संबंधों में नए अध्याय की उम्मीद

Date:

कनाडा ,14 मई । भारतीय मूल की अनीता आनंद को कनाडा का नया विदेश मंत्री बनाया गया है। उन्होंने मंगलवार को पद की शपथ ली।

कनाडा में 28 अप्रैल को आम चुनाव के लिए वोटिंग हुई थी। इसमें लिबरल पार्टी और प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने जीत हासिल की। इस चुनाव में भारतीय मूल के 22 उम्मीदवार ने जीत दर्ज की।

अनीता के अलावा भी मार्क कार्नी की कैबिनेट में 3 भारतवंशी शामिल हैं। इनमें शामिल मनिंदर सिंधू को अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री बनाया गया है। सिंधू इससे पहले विदेश मंत्री रह चुके हैं। वे 2019 से लगातार चुनाव जीतते आ रहे हैं।

इनके अलावा रूबी सहोता और रणदीप सिंह सराय को राज्य सचिव बनाया गया है।

अनीता के पिता तमिलनाडु और मां पंजाब से थीं

अनीता के पिता तमिलनाडु जबकि मां पंजाब की रहने वाली थीं। हालांकि, अनीता का जन्म और पालन-पोषण कनाडा के ग्रामीण क्षेत्र नोवा स्कोटिया में हुआ था।

उन्होंने क्वीन्स यूनिवर्सिटी से पॉलिटिकल साइंस में आर्ट्स ग्रेजुएशन, ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से न्यायशास्त्र में आर्ट्स ग्रेजुएशन, डलहौजी यूनिवर्सिटी से लॉ ग्रेजुएशन और टोरंटो यूनिवर्सिटी से लॉ में मास्टर्स किया।

57 साल की अनीता पेशे से वकील हैं। उन्होंने 2019 में कनाडा की ओकविल सीट से पहला संसदीय चुनाव जीता था।

पिछले कार्यकाल में रक्षा मंत्री का पद संभाल चुकी हैं

अनीता आनंद इससे पहले कनाडा के रक्षा मंत्री का पद संभाल चुकी हैं। उन्हें पूर्व प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने 2021 में रक्षामंत्री बनाया था। उन्हें उसी साल उन्हें सार्वजनिक सेवाओं और खरीद का कैबिनेट मंत्री बनाया गया था।

अनीता कनाडा का रक्षा मंत्रालय संभालने वाली दूसरी महिला हैं। इससे पहले 1990 में किम कैंपबेल ने ये जिम्मेदारी संभाली थी।

अनीता टोरंटो यूनिवर्सिटी की एसोसिएट डीन भी रह चुकी हैं। उन्होंने 1995 जॉन नोल्टन से शादी की, जो एक कनाडाई वकील और बिजनेस एग्जीक्यूटिव हैं। उनके 4 बच्चे हैं।

अनीता आनंद लैंगिक समानता की मुखर समर्थक रही हैं। वो LGBTQIA+ अधिकारों का सपोर्ट करती हैं। उन्होंने सेक्सुअल मिसकंडक्ट से लड़ने और कनाडाई डिफेंस फोर्सेज में कल्चरल परिवर्तन लाने के लिए पहल भी की थी। ​​

कनाडा में लिबरल पार्टी की सत्ता में वापसी

कनाडा की सत्ता में लिबरल पार्टी ने प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के नेतृत्व में ऐतिहासिक जीत दर्ज करते हुए वापसी की। पार्टी को 167 सीटों पर जीत हासिल हुई। हालांकि यह 172 के बहुमत के आंकड़े से 5 कम है।

वैसे तो कनाडा में आधिकारिक तौर पर अक्टूबर 2025 को चुनाव होने थे, लेकिन प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने पिछले महीने यह कह कर नए चुनाव का ऐलान किया था कि उन्हें ट्रम्प से निपटने के लिए मजबूत जनादेश चाहिए।

2015 से कनाडा के प्रधानमंत्री रहे जस्टिन ट्रूडो ने इस साल की शुरुआत में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था, जिसके बाद मार्क कार्नी को नया प्रधानमंत्री चुना गया था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related

एमसीडी आयुक्त संजीव खिरवार ने शहर की स्वच्छता व्यवस्था की समीक्षा की

 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक स्वच्छता ही सेवा...

एमसीडी ने अनधिकृत निर्माण और खतरनाक भवनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई

नई दिल्ली, 15 सितंबर, 2026 दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने...

भारत-अफगानिस्तान T20 की शुरुआत में गूंजा ‘वंदे मातरम्

नई दिल्ली, भारत और अफगानिस्तान के बीच पहले टी20...