वक्फ संशोधन विधेयक राज्यसभा में 12 घंटे की चर्चा के बाद पारित

Date:

नई दिल्ली,4 अप्रैल। वक्फ संशोधन बिल गुरुवार देर रात को 12 घंटे से ज्यादा लंबी की चर्चा के बाद राज्यसभा से भी पास हो गया। बिल के पक्ष में 128 और विरोध में 95 वोट पड़े।

इससे पहले बुधवार को लोकसभा में यह बिल 12 घंटे की चर्चा के बाद पास हुआ था। अब यह बिल राष्ट्रपति के पास जाएगा। उनकी स्वीकृति मिलने के बाद यह कानून बन जाएगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वक्फ संशोधन बिल के पास होने को एक बड़ा सुधार बताया। उन्होंने शुक्रवार सुबह X पर लिखा कि यह कानून ट्रांसपेरेंसी बढ़ाएगा और गरीब-पसमांदा मुस्लिमों के अधिकारों की रक्षा करेगा।

इससे पहले बिल पर चर्चा के दौरान बीजू जनता दल (BJD) ने अपने सांसदों के लिए व्हिप जारी नहीं किया था। पार्टी ने कहा था- सांसद अपनी अंतरात्मा की सुनें और वक्फ बिल पर फैसला लें।

भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने चर्चा के दौरान कहा- वक्फ ने एक बार ताजमहल पर भी दावा कर दिया था। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें फटकार लगाई थी।

इधर, विपक्ष वक्फ संशोधन बिल को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देने की तैयारी कर रहा है। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के बाद अब कांग्रेस ने शुक्रवार को कहा कि वह बिल को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने यह जानकारी देते हुए x पर लिखा- संविधान की रक्षा के लिए हर मंच पर आवाज उठाते रहेंगे।

Union Home Minister Amit Shah speaks in the Rajya Sabha | PTI

वक्फ संशोधन बिल पास होने के बाद आज पहला जुमा है। यूपी के कई शहरों में तनाव के मद्देनजर फ्लैग मार्च निकाला गया। दिल्ली, मुंबई सहित देश के दूसरे शहरों में भी पुलिस हाई अलर्ट पर हैं।

JDU ने बिल का सपोर्ट किया, 5 मुस्लिम नेताओं ने विरोध में पार्टी छोड़ी

JDU ने वक्फ बिल संशोधन बिल पर मोदी सरकार का समर्थन किया है। इसके बाद बिल को समर्थन देने से नाराज 5 मुस्लिम नेताओं ने पार्टी छोड़ दी है। इनमें अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव मोहम्मद शाहनवाज मलिक, प्रदेश महासचिव मो. तबरेज सिद्दीकी अलीग, भोजपुर से पार्टी सदस्य मो. दिलशान राईन और मोतिहारी की ढाका विधानसभा सीट से पूर्व प्रत्याशी मोहम्मद कासिम अंसारी शामिल हैं।

रिजिजू बोले- कानून में ट्रांसपेरेंसी, अकाउंटेबिलिटी, एक्यूरेसी केंद्रित बदलाव अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि व्यापक चर्चा के बाद तैयार किए गए बिल को जेपीसी के पास भेज दिया गया था। जेपीसी के बाद बुधवार देर रात तक चर्चा के बाद इस बिल को लोकसभा से पारित कर दिया गया। संशोधित बिल में हमने ट्रांसपैरेंसी, अकाउंटेबिलिटी, एक्यूरेसी पर केंद्रित बदलाव किए हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related