महाराष्ट्र , 21 मार्च 2026 । महाराष्ट्र में चर्चित ज्योतिषी रेप केस को लेकर बड़ा राजनीतिक और सामाजिक घटनाक्रम सामने आया है। मामले को लेकर बढ़ते विवाद और दबाव के बीच राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
महाराष्ट्र में रेप के आरोपी ज्योतिषी अशोक खरात मामले में राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर ने शुक्रवार देर रात इस्तीफा दे दिया। विपक्ष ने चाकणकर पर आरोपी खरात से संबंध के आरोप लगाए थे। इसके बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष का इस्तीफा मांगा था।
शिवसेना (UBT) की प्रवक्ता सुषमा अंधारे ने दावा किया है कि खरात के प्रभाव में आकर चाकणकर ने तांत्रिक अनुष्ठान के लिए अपनी अनामिका या तीसरी उंगली काट ली थी। अंधारे ने ऐसी तस्वीरें भी दिखाईं जिनमें चाकणकर की तीसरी उंगली पर पट्टी बंधी हुई दिख रही है।
दरअसल, महाराष्ट्र के नासिक में एक 35 साल की महिला से बार-बार रेप और ब्लैकमेल करने के आरोप में पुलिस ने बुधवार को खरात (67) को गिरफ्तार किया था। पुलिस के मुताबिक, ज्योतिषी कई महिलाओं का यौन उत्पीड़न कर चुका है।
यह मामला तब सुर्खियों में आया जब एक स्वयंभू ज्योतिषी पर गंभीर आरोप लगे, जिसके बाद जांच और कार्रवाई को लेकर कई सवाल उठे। विपक्ष और सामाजिक संगठनों ने इस केस में निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की थी।
इसी बीच, महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की भूमिका को लेकर भी आलोचना होने लगी। आरोप लगाया गया कि आयोग ने मामले को लेकर अपेक्षित सक्रियता नहीं दिखाई, जिससे जनता में असंतोष बढ़ा।
बढ़ते दबाव के चलते आयोग की अध्यक्ष ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दे दिया। हालांकि, उन्होंने अपने बयान में कहा कि उन्होंने हमेशा नियमों के तहत काम किया, लेकिन विवाद को देखते हुए पद छोड़ना उचित समझा।
सरकार ने मामले की जांच को तेज करने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का भरोसा दिलाया है। साथ ही, नए अध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर भी प्रक्रिया जल्द शुरू किए जाने की संभावना है।
यह घटनाक्रम एक बार फिर यह सवाल उठाता है कि संवेदनशील मामलों में संस्थाओं की भूमिका कितनी सक्रिय और जवाबदेह होनी चाहिए।
