बंगाल में चुनाव से पहले मुख्य सचिव-DGP को हटाया

Date:

नई दिल्ली, 15 मार्च 2026 । West Bengal में चुनाव से ठीक पहले प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फैसला लिया गया है। चुनावी प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए मुख्य सचिव और डीजीपी को उनके पदों से हटा दिया गया। इस फैसले के बाद राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के दूसरे ही दिन चुनाव आयोग ने 6 अफसरों का तबादला कर दिया। आयोग ने पीयूष पांडे की जगह सिद्धनाथ गुप्ता को DGP बनाया है।

वहीं, आयोग ने राज्य की मुख्य सचिव नंदिनी चक्रवर्ती को पद से हटा दिया है। उनकी जगह 1993 बैच के IAS दुष्मंत नारियाला को नया मुख्य सचिव नियुक्त किया है। सुप्रतिम सरकार की जगह अजय कुमार नंद को कोलकाता पुलिस कमिश्नर बनाया गया है।

साथ ही राज्य के गृह सचिव जगदीश प्रसाद मीणा की जगह 1997 बैच की IAS अफसर संघमित्रा घोष को गृह सचिव बनाया गया है। चुनाव आयोग के आदेश के मुताबिक यह निर्देश तत्काल प्रभाव से लागू होगा।

नटराजन रमेश बाबू को सुधार सेवा महानिदेशक बनाया गया है। अजय मुकुंद रानाडे को अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक और IGP (कानून-व्यवस्था) का पद दिया गया है।

चुनाव से पहले वरिष्ठ अधिकारियों में बदलाव को आमतौर पर चुनाव आयोग की प्रक्रिया का हिस्सा माना जाता है, ताकि चुनाव के दौरान प्रशासन पूरी तरह निष्पक्ष तरीके से काम कर सके। इसी के तहत राज्य के शीर्ष प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को हटाने का निर्णय लिया गया।

राजनीतिक दलों ने इस कदम को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दी हैं। कुछ नेताओं का कहना है कि यह फैसला निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए जरूरी था, जबकि कुछ ने इसे राजनीतिक रूप से प्रेरित कदम बताया है।

विश्लेषकों का मानना है कि चुनाव के समय प्रशासनिक ढांचे में ऐसे बदलाव का मकसद चुनावी प्रक्रिया पर जनता का भरोसा बनाए रखना होता है। आने वाले दिनों में नए अधिकारियों की नियुक्ति के साथ चुनावी तैयारियां और तेज होने की संभावना है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related

जंग के बीच पहला भारतीय जहाज LPG लेकर पहुंचा

तेल अवीव/तेहरान, 15 मार्च 2026 । मध्य-पूर्व में जारी...

ईरान में 15 दिन बाद भी सत्ता नहीं बदली

वॉशिंगट , 15 मार्च 2026 । Iran में राजनीतिक...