नई दिल्ली,। 30 अगस्त 25 । योग सीड ट्रस्ट ने वर्सेटाइल एकेडमी और हरखबर न्यूज़ के सहयोग से शौर्य दिवस का भव्य आयोजन सीसीईआरटी ऑडिटोरियम, सेक्टर-7, द्वारका में किया। यह आयोजन देशभक्ति, सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्र की भावना को समर्पित श्रद्धांजलि से ओतप्रोत रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन समारोह से हुआ, जिसे विशिष्ट अतिथियों ने गरिमा प्रदान की। मुख्य अतिथि सांसद कमलजीत सेहरावत (जो आकस्मिक कारणों से उपस्थित नहीं हो पाईं, परंतु उन्होंने अपनी शुभकामनाएँ प्रेषित कीं), विशेष अतिथि डॉ. राजेंद्र धर (जिला न्यायाधीश, उपभोक्ता न्यायालय) एवं सी.आर. गर्ग (आईएएस रिटायर्ड), तथा गेस्ट ऑफ ऑनर धनंजय जोशी (कुलपति, दिल्ली विश्वविद्यालय), डी.के. गौतम (क्षेत्रीय कार्यकारी निदेशक, एएआई, एनआर), योग गुरु मनमोहन गुप्ता (संपादक, द्वारका एक्सप्रेस) और खुराना (ब्रहमाकुमारीज़) रहे।
मंच पर प्रस्तुत देशभक्ति से ओतप्रोत सांस्कृतिक कार्यक्रम—नृत्य, नाटक और गीत—ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया और उनमें राष्ट्रप्रेम की ज्योति प्रज्वलित की। योग सीड के सदस्यों ने भी प्रेरणादायी उद्बोधन और विचार साझा कर कार्यक्रम को और अधिक प्रभावशाली बनाया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण योग सीड सम्मान समारोह रहा, जिसमें समर्पित सदस्यों को उनकी वर्षभर की सेवा और प्रतिबद्धता के लिए योग विभूषण, योग गौरव, योग भूषण और योग श्री उपाधियों से सम्मानित किया गया। सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र और योग सीड पुस्तिका प्रदान की गई तथा उपस्थित जनसमूह ने सात्विक फल प्रसाद स्वरूप ग्रहण किया।
यह आयोजन योग गुरु श्याम चैतन्य जी (संस्थापक, योग सीड ट्रस्ट) के आध्यात्मिक मार्गदर्शन में हुआ, जिसमें पंकज सिंह (हरखबर न्यूज़) और राजेश एवं निशा (निदेशक, वर्सेटाइल एकेडमी) का विशेष सहयोग रहा।
500 लोगों की भव्य उपस्थिति रही, जिसमें 200 प्रतिभागी और 300 योग सीड के सदस्य शामिल थे।
इस आयोजन को सफल बनाने में योग सीड टीम के सदस्यों – नलिनी , अरविंद , हरीश , महेश पंत , के.के. खट्टर जी, अभिषेक चौहान , कृष्णा कुमार , राम किशन शर्मा जी, परमजीत , सुरेखा शर्मा , हेमा और अंज्जु चौधरी – का अमूल्य योगदान रहा। उनके निस्वार्थ प्रयास और सामूहिक सहयोग ने कार्यक्रम को विशेष गरिमा प्रदान की।
कार्यक्रम का समापन इस गूंजते संदेश के साथ हुआ:
“शौर्य दिवस केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि हमारे कर्तव्य, एकता और राष्ट्र के प्रति समर्पण की याद दिलाता है।”
