नई दिल्ली । 16 अक्टूबर 25 । निरंतर शिक्षा में सुधार लाने के लिए पहले केंद्रीय विद्यालय और अब उत्तर पूर्वी दिल्ली संसदीय क्षेत्र में दो जवाहर नवोदय विद्यालय बनाने के लिए जब जमीन आवंटन की प्रक्रिया पर जोर दिया जा रहा है और किसी पंचवर्षीय योजना में भीम पूरा करने के प्रयास किया जा रहे हैं यह कहना है उत्तर पूर्वी दिल्ली के सांसद मनोज तिवारी का उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार हर प्रशासनिक जिले में एक-एक विद्यालय बनाने का संकल्प पहले ही ले चुकी थी लेकिन राज्य सरकार की ओर से असहयोग की भावना के चलते नवोदय विद्यालय नहीं बना सकी लेकिन जैसे ही सरकार बदली लंबित योजनाओं को बोल मिलना शुरू हो गया।

सांसद मनोज तिवारी ने कहा कि दो केंद्रीय विद्यालय बनाने में हमें कई वर्ष लगे क्योंकि दिल्ली में सरकार केजरीवाल की थी और किसी भी योजना के फली भूत होने में दिल्ली की सरकार आधे आ जाती थी लेकिन दिल्ली की रेखा गुप्ता सरकार ने खुद पहल कर शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए केंद्र सरकार को पत्र लिखा जिसके तहत बाकी के दो केंद्रीय विद्यालय आगामी कुछ महीनो में मंजूर हो जाएंगे जिसके लिए दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार मिलकर प्रयास कर रही है।
सांसद मनोज तिवारी के विकास कार्यों की पैरवी कर रहे भाजपा नेता आनंद त्रिवेदी ने बताया की सांसद मनोज तिवारी ने सदन में जवाहर नवोदय विद्यालय का मामला उठाया तब जाकर पता लगा की भूमि आवंटन की प्रक्रिया में हो रही लापरवाही के चलते ऐसे विद्यालयों का निर्माण नहीं हो पा रहा है इसके बाद सांसद मनोज तिवारी और उनकी पूरी टीम ने जरूरी भूमि आवंटन के लिए प्रयास तेज कर दिए हैं और शीघ्र ही जरूरी भूमि का आवंटन कर नवोदय विद्यालयों को खोलने की राह साफ हो जाएगी
