गाजियाबाद, 15 मार्च 2026 । गाजियाबाद नगर निगम ने सामुदायिक भवनों की बुकिंग व्यवस्था में बड़ा बदलाव किया है। मेयर Sunita Dayal के निर्देश पर अब पूरी फीस जमा होने के बाद ही सामुदायिक भवन की बुकिंग मान्य होगी।
नगर निगम के सामुदायिक भवनों और अविकसित पार्कों की बुकिंग को लेकर अब नियम सख्त कर दिए गए हैं। मेयर सुनीता दयाल ने फैसला लिया है कि अब इनकी बुकिंग पूरी धनराशि जमा करने के बाद ही की जाएगी। साथ ही मेयर के विशेष अधिकार के तहत दी जाने वाली किराये में छूट को अगले आदेश तक के लिए रोक दिया गया है।
फर्जी सिग्नेचर मामले के बाद लिया गया फैसला
नगर निगम में हाल ही में सामुदायिक केंद्रों की बुकिंग में मेयर के फर्जी हस्ताक्षर का मामला सामने आया था। जांच में पता चला कि निगम के दो कर्मचारियों ने मेयर के हस्ताक्षर कर सामुदायिक केंद्रों की बुकिंग कम दरों पर कर दी थी। अब तक ऐसे पांच मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें मेयर के फर्जी सिग्नेचर पाए गए।
नगर निगम के अनुसार पहले कई मामलों में लोग आंशिक भुगतान करके हॉल बुक करा लेते थे, लेकिन बाद में पूरी राशि जमा नहीं करते थे। इससे प्रशासन को राजस्व हानि और प्रबंधन में परेशानी का सामना करना पड़ता था। नई व्यवस्था के तहत बुकिंग तभी कन्फर्म मानी जाएगी जब निर्धारित शुल्क एकमुश्त जमा कर दिया जाएगा।
अधिकारियों का कहना है कि इस फैसले से बुकिंग प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनेगी। साथ ही नगर निगम को समय पर राजस्व भी प्राप्त होगा, जिससे सामुदायिक भवनों के रखरखाव और सुविधाओं में सुधार किया जा सकेगा।
नगर निगम ने यह भी स्पष्ट किया है कि सभी सामुदायिक भवनों की बुकिंग अब तय नियमों के अनुसार ऑनलाइन या अधिकृत काउंटर के माध्यम से ही की जाएगी। इससे अनियमितताओं और विवादों को कम करने में मदद मिलेगी।
