चंडीगढ़ , 20 मार्च 2026 ।हरियाणा और चंडीगढ़ की कानून-व्यवस्था को झकझोर देने वाले चंडीगढ़ सेक्टर-9 हत्याकांड में बड़ी सफलता हाथ लगी है। कैथल में पुलिस की कार्रवाई के दौरान दो शूटरों को संक्षिप्त गोलीबारी के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। इस पूरे ऑपरेशन को “ओपीएस साइलेंट ट्रिगर” नाम दिया गया, जो कि बेहद गोपनीय और तेज़ कार्रवाई के लिए जाना जा रहा है।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के अनुसार पंजाब को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए चलाई गई मुहिम के दौरान बड़ी सफलता हासिल करते हुए, पंजाब पुलिस की एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) ने स्पेशल टास्क फोर्स, हरियाणा (करनाल यूनिट) के साथ संयुक्त ऑपरेशन के दौरान आज कैथल में संक्षिप्त गोलीबारी के बाद चंडीगढ़ सेक्टर 9 हत्या कांड में शामिल दो शूटरों को गिरफ्तार कर लिया है और उनके कब्जे से तीन आधुनिक हथियार बरामद किए हैं। यह जानकारी आज यहां डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (डीजीपी) पंजाब गौरव यादव ने दी।
पुलिस के अनुसार, आरोपी काफी समय से फरार थे और लगातार अपनी लोकेशन बदल रहे थे। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने कैथल में घेराबंदी की। जब पुलिस ने संदिग्धों को रोकने की कोशिश की, तो उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान हल्की मुठभेड़ हुई, जिसके बाद दोनों शूटरों को काबू कर लिया गया।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपी चंडीगढ़ सेक्टर-9 में हुए चर्चित हत्याकांड में सीधे तौर पर शामिल थे। पुलिस अब उनसे पूछताछ कर रही है ताकि इस पूरे नेटवर्क, साजिश और संभावित गैंग कनेक्शन का खुलासा किया जा सके।
इस ऑपरेशन की खास बात यह रही कि पुलिस ने बिना किसी बड़े नुकसान के आरोपियों को जिंदा पकड़ लिया, जिससे जांच एजेंसियों को महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है। अधिकारियों का कहना है कि इस केस से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश भी तेज़ कर दी गई है और जल्द ही पूरे मामले का पर्दाफाश किया जाएगा।
“ओपीएस साइलेंट ट्रिगर” को कानून-व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है, जिससे यह संकेत मिलता है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
