नई दिल्ली, 29 अक्टूबर 25 ।
मनुष्य के चतुर्दिक विकास के लिए पढ़ाई के साथ-साथ खेल भी ज़रूरी है।इसलिए पढ़ाई के साथ खेल पर फ़ोकस करना आवश्यक है। पुदुचेरी की पूर्व उपराज्यपाल डॉ. किरण बेदी ने ये बातें कहीं। वे आज आईपी यूनिवर्सिटी के 20 बे खेल महोत्सव के उद्घाटन सत्र को मुख्य अतिथि के तौर पर संबोधित रही थीं।
अपना उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि कैसे टेनिस में एशिया चैंपियन बनने का फ़ायदा उन्हें आईपीएस के करियर में और जीवन के सफ़र में मिला।
उन्होंने कहा कि खेल हारने के बाद उठना सिखाती है और जीतने का हौसला देती है।जीत महज़ एक संयोग नहीं है,उसके पीछे एक पूरी तैयारी छुपी होती है।
उन्होंने कहा कि सही काम सही वक्त पर करने की आदत डालें। अच्छी आदतों की बुनियाद बचपन से ही बन जाती है जो ताउम्र फ़ायदा पहुंचाती हैं।
इंडियन वूमेन रेसलिंग टीम के चीफ कोच कुलदीप सिंह मलिक ने इस अवसर पर कहा कि अब खेल में भी करियर के असीम अवसर
हैं।
यूनिवर्सिटी के कुलपति पद्मश्री प्रो. (डॉ.) महेश वर्मा ने इस अवसर पर कहा कि खेल जीवन जीने की कला सिखाती है। जो चीजें हम क्लास रूम में नहीं सीख पाते उसे हम खेल के मैदान में सीखते हैं।उन्होंने कहा कि यह खेल महोत्सव यूनिवर्सिटी के “ओलंपिक” की तरह है और हम इसे उसी स्केल और भव्यता के साथ आयोजित कर रहे हैं।
आज आयोजित मार्च पास्ट स्पर्धा में आर्मी इंस्टिट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी, ग्रेटर नोएडा; आर्मी इंस्टिट्यूट ऑफ एजुकेशन , ग्रेटर नोएडा और सेंट स्टीफेंस कॉलेज ऑफ नर्सिंग, तीस हजारी को क्रमशः प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त हुआ।


यूनिवर्सिटी के छात्र कल्याण निदेशालय की निदेशक प्रो. मनप्रीत कौर कांग के अनुसार यूनिवर्सिटी के दोनों कैंपस के अलावा 65 एफिलिएटेड इंस्टिट्यूट के तक़रीबन द
12 हज़ार छात्र इस खेल महोत्सव में शिरकत कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि क़रीब तीन दर्जन विविध खेल स्पर्धाएँ तीन दिनों के इस खेल महोत्सव में आयोजित की जा रही हैं।
