नई दिल्ली, 7 अक्टूबर, 2025 । दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेन्द्र यादव ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि राजधानी दिल्ली में खुले आम नकली घी, मिलावटी मसाले, नकली पनीर, खोया और दूध से बनी वस्तुओं की आवक का सीधा असर दिल्ली वालां की सेहत पर पड़ रहा है, जिसके लिए भाजपा की दिल्ली सरकार सीधे तौर पर जिम्मेदार है। हरियाणा के जिंद से नकली घी की सप्लाई नामी कंपनियों मिल्क फूड, मधूसूदन, अमूल, मदर डेयरी, पतंजलि, अनंदा की पैंकिग में सीधा दिल्ली के रोहिणी में आने के पीछे बड़े रैकेट का नाम सामने आना चाहिए। क्योंकि हरियाणा और दिल्ली दोनो में भाजपा की सरकारें है और यह किसी से छिपा नही है कि भाजपा पूंजीपंतियों को सरंक्षण देने वाली है।
देवेन्द्र यादव ने कहा कि बेशक पुलिस ने दिल्ली में नकली घी की 2000 किलो की खेप पकड़ी है, लेकिन इसके पीछे किन लोगों का हाथ है इसका भी खुलासा होना जरुरी है। मैं मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से सवाल किया है कि दिल्ली सरकार खाद्य एवं आपूर्ति सुरक्षा विभाग की जांच टीम आखिर क्या कर रही है जब दिल्ली में खुले आम मिलावटी घी, मसाले, पनीर सहित दूध से बनी हुई वस्तुए बाजारों तक पहुॅच रही है। उन्होंने कहा कि दो सप्ताह पहले नवरात्रों के समय मिलावटी कुट्टु का आटा खाने से बुराड़ी जहांगुरी में लगभग 200 लोगों को अस्पताल जाना पड़ा था तब भी कांग्रेस पार्टी ने दिल्ली सरकार को चेताया था कि आने वाले त्यौहारों पर मिलावटी खाद्य पदार्थों पर सख्ती से रोक लगाई जाए, जिससे लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ न हो। परंतु सरकार के कान पर जूं तक नही रेंगी और दिल्ली में बड़े पैमाने पर मिलावटी घी, तेल, पनीर इत्यादि पदार्थ खुले आम बेचे जा रहे हैं
देवेन्द्र यादव ने कहा कि मिलावटी और नकली सामन बाजार में उपलब्ध होना एक गंभीर मामला है। अभी कुछ दिन पहले ही मिलावटी व्रत के आटे का मामला सामने आया था जिसके बाद भी खाद्य सुरक्षा विभाग राजधानी में नकली घी, मिलावटी पनीर, खोया और अन्य दूध से बनी वस्तुओं को रोकने में नाकाम साबित हो रहा है। उन्होंने कहा कि जब सरकार यह जानती है कि त्यौहारी सीजन में मिलावटी घी, पनीर खोया, नकली मसाले और अन्य सामान की बाजार में आवक बढ़ जाती है, उसके बावजूद अगर राजधानी में नकली घी इतनी बड़ी संख्या में बाजारों में मिल रहा है तो उसके लिए सीधे तौर पर भाजपा की दिल्ली सरकार जिम्मेदार है।
देवेन्द्र यादव ने कहा कि मिलावटी और नकली सामान के धंधे को चलाने वाले सिंडिकेट के खिलाफ सरकार को कड़े कानून बनाने चाहिए। जब तक कड़े कानून नही बनेंगे नकली सामान के व्यापारियों पर नकेल नही कसेगी। मुख्यमंत्री प्रतिदिन नई नीतियां और परियोजनाओं की घोषणा कर रही है। उन्हें नकली और मिलावटी वस्तुओं का कारोबार करने वाले लोगों के खिलाफ ऐसा कानून बनाना चाहिए जिसमें कम से कम ऐसे प्रावधान करें कि जिसमें 1 साल से पहले आरोपी को जमानत न मिले और दोषियों को कड़ी सजा का प्रावधान रखा जाए I
