सुप्रीम कोर्ट में आज ED की शक्तियों को लेकर सुनवाई

Date:

नई दिल्ली । 06 अगस्त 2025 । सुप्रीम कोर्ट में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की शक्तियों से संबंधित पुनर्विचार याचिकाओं पर आज से सुनवाई होगी। याचिकाकर्ताओं में कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम शामिल हैं। कोर्ट ने 24 अगस्त 2022 को पुनर्विचार याचिकाओं पर खुली अदालत में सुनवाई करने का आदेश दिया था।

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट ने 27 जुलाई 2022 को ईडी के पक्ष में पीएमएलए के तहत गिरफ्तारी, संपत्तियां जब्त करने और तलाशी लेने की शक्तियां बरकरार रखने का फैसला दिया था। इसकी समीक्षा को लेकर पुनर्विचार याचिकाएं दायर की गई थीं।

सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने कहा था कि पिछले आदेश में कई गलतियां हैं जिन पर दोबारा विचार करने की जरूरत है। केंद्र की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा था कि कोर्ट के फैसले में कोई गड़बड़ी नहीं है।

जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने 31 जुलाई को कहा था कि मामले में 6 अगस्त से सुनवाई की जाएगी।

बेंच ने कहा था कि याचिकाकर्ताओं ने अपनी याचिकाओं में विचार के लिए 13 सवाल उठाएं हैं, लेकिन पहले सभी पक्षों की दलीलें सुनी जाएंगी ताकि सुनिश्चित हो सके कि सभी याचिकाएं सुनवाई के योग्य हैं या नहीं।

कोर्ट ने सभी शक्तियां बरकरार रखी थीं

जुलाई 2022 को सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस एएम खानविलकर की अध्यक्षता वाली बेंच ने अपने फैसले ईडी को पूछताछ के लिए गवाहों, आरोपितों को समन, संपत्ति जब्त करने, छापा डालने, गिरफ्तार करने और जमानत की सख्त शर्तों को बरकरार रखा था।

कोर्ट ने कोर्ट ने कहा था कि मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट में किए गए संशोधन को वित्त विधेयक की तरह पारित करने के खिलाफ मामले पर बड़ी बेंच फैसला करेगी।

जस्टिस उज्ज्वल भुइयां ने कहा था कि कोर्ट ने जिन दो मामलों की पहचान की थी उन पर विचार करने की जरूरत है। जस्टिस सीटी रवि कुमार ने कहा था कि कोर्ट को ये सुनिश्चित करना होगा कि पुनर्विचार याचिका अपील का शक्ल न लें।

सुप्रीम कोर्ट ने ईडी की कार्यशैली पर नाराजगी जताई थी

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने 21 जुलाई को ईडी की तरफ से वकीलों को तलब करने के मामले में भी सुनवाई की थी। इस दौरान कोर्ट ने ईडी की कार्यशैली को लेकर कड़ी नाराजगी जताई।

चीफ जस्टिस बीआर गवई और जस्टिस के. विनोद चंद्रन की बेंच ने कहा था कि एजेंसी वकीलों को समन भेजकर हर हद पार कर रही है, जो कानून के पेशे की स्वतंत्रता पर खतरा बन सकता है। कोर्ट ने इस मुद्दे पर खुद संज्ञान लेते हुए सुनवाई शुरू की है।

यह सुनवाई उन मामलों से जुड़ी है जिनमें वकीलों को सिर्फ अपने मुवक्किलों को कानूनी सलाह देने पर ईडी ने नोटिस भेजे हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

Popular

More like this
Related