• मंत्री ने किया बक्करवाला C&D वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट का निरीक्षण
• दिल्ली को मलबा-मुक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम
नई दिल्ली, 24 जुलाई 2025 । दिल्ली सरकार के लोक निर्माण मंत्री परवेश साहिब सिंह ने बक्करवाला स्थित निर्माण एवं ध्वस्तीकरण (C&D) वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट का निरीक्षण किया। यह प्लांट निर्माण स्थलों से निकलने वाले मलबे को ईंटों, टाइल्स और पेवर ब्लॉक्स जैसी उपयोगी और पर्यावरण-अनुकूल निर्माण सामग्री में बदलने का कार्य कर रहा है — जो सतत शहरी विकास की दिशा में एक बड़ा कदम है।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने मंत्री को प्लांट की तकनीकी प्रणाली, प्रतिदिन की प्रोसेसिंग क्षमता और उत्पादित सामग्रियों के उपयोग के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
परवेश साहिब सिंह ने संपूर्ण प्रक्रिया का अवलोकन किया और इंजीनियरों व कर्मचारियों से बातचीत कर यह जाना कि किस तरह से कच्चे मलबे को उपयोगी निर्माण सामग्री में बदला जा रहा है।
मंत्री ने कहा कि इस प्रकार की पहलें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में “Waste to Wealth” और “Circular Economy” की राष्ट्रीय सोच को ज़मीन पर साकार करने का प्रमाण हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘Waste to Wealth’ और सर्कुलर इकोनॉमी की सोच अब केवल विचार नहीं, धरातल पर वास्तविकता बन चुकी है। बक्करवाला प्लांट इसका जीवंत उदाहरण है कि किस तरह निर्माण का मलबा भी एक बहुमूल्य संसाधन बन सकता है। हमारा लक्ष्य है कि दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों में ऐसे और प्लांट स्थापित किए जाएं ताकि शहर स्वच्छ भी रहे और निर्माण कार्यों की लागत तथा पर्यावरणीय प्रभाव भी कम हो।”

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दिल्ली के अन्य क्षेत्रों में भी जहाँ निर्माण गतिविधियों से अधिक मात्रा में मलबा निकलता है, वहाँ ऐसे प्रोसेसिंग प्लांट स्थापित करने की योजना तैयार की जाए।
साथ ही, उन्होंने नगर निकायों, निजी बिल्डरों और सरकारी एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर ज़ोर दिया, ताकि निर्माण मलबे का सुनियोजित संग्रहण, छंटाई और पुन: उपयोग सुनिश्चित हो सके।

परवेश साहिब सिंह ने सार्वजनिक और निजी क्षेत्र की निर्माण परियोजनाओं में रिसाइकल्ड सामग्रियों के व्यापक उपयोग को प्रोत्साहित किया और कहा कि ऐसे नवाचार आत्मनिर्भर और टिकाऊ दिल्ली के निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं।
